धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा मंजूर, प्रह्लाद जोशी बने नए शिक्षा मंत्री
राष्ट्रपति भवन ने जारी किया आधिकारिक आदेश, मौजूदा मंत्रालयों के साथ शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त कार्यभार भी मिला

👆भाषा ऊपर से चेंज करें
-ओम कुमार
देशभर में छात्रों के विरोध प्रदर्शन और शिक्षा व्यवस्था को लेकर बढ़ते राजनीतिक दबाव के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने प्रधानमंत्री की सलाह पर उनका इस्तीफा तत्काल प्रभाव से स्वीकार कर लिया है। इसके साथ ही केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी को शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार सौंप दिया गया है।
राष्ट्रपति भवन द्वारा जारी आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, भारत के संविधान के अनुच्छेद 75(2) के तहत राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने प्रधानमंत्री की सलाह पर धर्मेंद्र प्रधान का केंद्रीय मंत्रिपरिषद से इस्तीफा स्वीकार किया। इसके साथ ही प्रधानमंत्री की अनुशंसा पर कैबिनेट मंत्री प्रह्लाद जोशी को उनके वर्तमान मंत्रालयों के अतिरिक्त शिक्षा मंत्रालय का कार्यभार भी सौंपा गया है।
प्रह्लाद जोशी वर्तमान में उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय तथा नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय का नेतृत्व कर रहे हैं। अब वे शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त दायित्व भी संभालेंगे। 64 वर्षीय प्रह्लाद जोशी वर्ष 2004 से कर्नाटक की धारवाड़ लोकसभा सीट का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं और भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेताओं में उनकी गिनती होती है।
धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा ऐसे समय में आया है जब देशभर में छात्रों के विभिन्न संगठनों और विपक्षी दलों द्वारा शिक्षा व्यवस्था तथा प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े मुद्दों को लेकर लगातार प्रदर्शन किए जा रहे थे। हाल के दिनों में राजधानी दिल्ली सहित कई राज्यों में छात्रों ने बड़े पैमाने पर विरोध-प्रदर्शन किए थे, जिसके बाद केंद्र सरकार पर राजनीतिक दबाव बढ़ गया था।
राष्ट्रपति भवन की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है कि प्रधानमंत्री की सलाह के अनुसार राष्ट्रपति ने प्रह्लाद जोशी को उनके मौजूदा विभागों के अतिरिक्त शिक्षा मंत्रालय का प्रभार सौंपने के निर्देश जारी किए हैं। इसके साथ ही शिक्षा मंत्रालय का प्रशासनिक कार्य अब प्रह्लाद जोशी की देखरेख में संचालित होगा।
केंद्र सरकार के इस फैसले को शिक्षा मंत्रालय में बड़ा प्रशासनिक बदलाव माना जा रहा है। अब सभी की निगाहें इस बात पर रहेंगी कि नए शिक्षा मंत्री के रूप में अतिरिक्त प्रभार संभाल रहे प्रह्लाद जोशी शिक्षा क्षेत्र से जुड़े लंबित मुद्दों और सुधारों को किस प्रकार आगे बढ़ाते हैं।

Stay Updated with Dainik India 24×7!
Follow us for real-time updates:




