IMM India 2026: भारत वैश्विक विनिर्माण और सोर्सिंग का बड़ा केंद्र बन रहा- गिरिराज सिंह
केंद्रीय वस्त्र मंत्री ने कहा- भारत विश्वसनीय वैश्विक विनिर्माण और सोर्सिंग गंतव्य के रूप में तेजी से उभर रहा, 2047 तक विकसित भारत का संकल्प होगा साकार

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यशोभूमि, द्वारका में आयोजित आईएमएम इंडिया 2026 के उद्घाटन संस्करण में केंद्रीय वस्त्र मंत्री गिरिराज सिंह ने भारत की तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था और वैश्विक विनिर्माण एवं सोर्सिंग क्षेत्र में देश की बढ़ती भूमिका को रेखांकित किया। उद्योग जगत के दिग्गजों, अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधियों और प्रमुख हितधारकों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि भारत की आर्थिक प्रगति अब पूरी दुनिया के लिए एक महत्वपूर्ण वैश्विक कहानी बन चुकी है।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि कोविड-19 महामारी के दौरान भारतीय अर्थव्यवस्था ने जिस तरह से मजबूती और लचीलापन दिखाया, वह देश की मजबूत आर्थिक नींव और प्रभावी नीतिगत ढांचे को दर्शाता है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत की लगातार बढ़ती जीडीपी और आर्थिक क्षमता ने वैश्विक स्तर पर देश की भूमिका को और मजबूत किया है। आज दुनिया भारत की आर्थिक शक्ति के साथ-साथ वैश्विक अर्थव्यवस्था में उसके बढ़ते योगदान को भी स्वीकार कर रही है।
आर्थिक विकास के साथ विरासत पर जोर

गिरिराज सिंह ने कहा कि भारत की विकास यात्रा को केवल आर्थिक आंकड़ों और जीडीपी की वृद्धि तक सीमित करके नहीं देखा जा सकता। देश का विकास मॉडल ‘विरासत के साथ विकास’ की अवधारणा पर आधारित है। इसके तहत आधुनिक बुनियादी ढांचे और आर्थिक प्रगति को भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, हथकरघा और हस्तशिल्प परंपराओं के साथ जोड़ा जा रहा है।
उन्होंने कहा कि भारत का विशाल घरेलू बाजार, लगातार बढ़ती खपत और विस्तार करता निर्यात देश की अर्थव्यवस्था को नई गति दे रहे हैं। इस परिवर्तन के केंद्र में ‘इंडिया फर्स्ट’ यानी राष्ट्र सर्वोपरि का दृष्टिकोण है, जो राष्ट्रीय हित और समावेशी विकास को प्राथमिकता देता है।
2047 तक विकसित भारत का लक्ष्य

केंद्रीय वस्त्र मंत्री ने कहा कि भारत की आर्थिक मजबूती के साथ-साथ उसकी पारंपरिक कला, शिल्प और विरासत को वैश्विक बाजार से जोड़ने की दिशा में भी तेजी से काम हो रहा है। उन्होंने विश्वास जताया कि विकास और विरासत के इस समन्वित मॉडल के माध्यम से भारत 2047 तक विकसित भारत के संकल्प को साकार करने की दिशा में आगे बढ़ेगा।
आईएमएम इंडिया 2026 में 100 से अधिक प्रदर्शक
कोइलनमेसे इंडिया द्वारा आयोजित आईएमएम इंडिया 2026 फर्नीचर, इंटीरियर और वास्तुकला डिजाइन क्षेत्र को समर्पित प्रमुख अंतरराष्ट्रीय बी2बी मंच है। यह आयोजन डिजाइन आधारित विनिर्माण, मूल्य संवर्धन और अंतरराष्ट्रीय व्यापार के क्षेत्र में भारत की संभावनाओं को वैश्विक मंच पर प्रदर्शित कर रहा है।
प्रदर्शनी में निर्माताओं, शिल्पकारों, खुदरा क्षेत्र के प्रमुख कारोबारियों और वैश्विक खरीद प्रतिनिधिमंडलों को एक मंच पर लाया गया है। आईएमएम इंडिया 2026 में 100 से अधिक प्रदर्शकों ने हिस्सा लिया, जबकि 8,000 से अधिक व्यापारिक खरीदारों के पहुंचने से बिजनेस नेटवर्किंग, सोर्सिंग साझेदारियों और उद्योग सहयोग के लिए व्यापक अवसर तैयार हुए।
आयोजकों के अनुसार, आईएमएम इंडिया 2026 भारत के फर्नीचर, इंटीरियर और डिजाइन उद्योग को वैश्विक बाजार से जोड़ने के साथ-साथ भारतीय विनिर्माताओं और शिल्पकारों के लिए नए व्यापारिक अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण मंच साबित हो रहा है।

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