डिजिटल और सोशल मीडिया ने खोले पत्रकारिता में करियर के नए दरवाजे: हितेश कुशवाहा
शिक्षक दिवस पर पांच शिक्षकों का सम्मान, स्वर्गीय पुष्पेंद्र पाल सिंह की स्मृति में हुआ आयोजन

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भोपाल संवाददाता। डिजिटल और सोशल मीडिया के बढ़ते प्रभाव ने पत्रकारिता और जनसंपर्क के क्षेत्र में करियर के साथ-साथ स्वरोजगार के नए अवसर भी पैदा किए हैं। आज युवा अपने ज्ञान, कौशल और नवाचार के माध्यम से डिजिटल प्लेटफॉर्म पर रोजगार और स्वरोजगार दोनों के अवसर हासिल कर सकते हैं। पत्रकारिता केवल नौकरी नहीं, बल्कि समाज के प्रति जिम्मेदारी भी है। यह बात वरिष्ठ पत्रकार, जनसंपर्ककर्मी एवं विषय विशेषज्ञ हितेश कुशवाहा ने शिक्षक दिवस के अवसर पर भोपाल के शासकीय सांदीपनि उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, निशातपुरा में विद्यार्थियों के लिए आयोजित विशेष करियर संवाद में कही।
पुष्पेंद्र पाल सिंह फाउंडेशन की ओर से आयोजित ‘पत्रकारिता एवं जनसंपर्क में करियर के अवसरों पर विशेष संवाद’ में कक्षा 11वीं और 12वीं के 350 से अधिक विद्यार्थियों ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को पत्रकारिता, जनसंपर्क, डिजिटल मीडिया और सोशल मीडिया के क्षेत्र में उपलब्ध करियर विकल्पों की जानकारी देना था।
डिजिटल मीडिया ने बढ़ाए पत्रकारिता के अवसर

हितेश कुशवाहा ने कहा कि तकनीक के बदलते दौर में पत्रकारिता और जनसंपर्क का दायरा केवल अखबार, टेलीविजन और रेडियो तक सीमित नहीं रह गया है। सोशल मीडिया और डिजिटल प्लेटफॉर्म ने इस क्षेत्र में करियर के कई नए रास्ते खोले हैं।
उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि पत्रकारिता में आने वाले युवाओं को केवल लेखन तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि डिजिटल कंटेंट, वीडियो प्रोडक्शन, सोशल मीडिया, मोबाइल जर्नलिज्म और नई तकनीक की समझ भी विकसित करनी चाहिए। उन्होंने विद्यार्थियों को सलाह दी कि करियर का लक्ष्य केवल नौकरी हासिल करना न हो, बल्कि अपनी रुचि और कौशल को पहचानकर लगातार सीखने की आदत विकसित करनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को अपने भविष्य के लक्ष्य को पूरा करने के लिए आज से ही तैयारी शुरू करनी होगी। संवाद के दौरान विद्यार्थियों ने पत्रकारिता एवं जनसंपर्क में करियर, आवश्यक योग्यता और बदलते अवसरों से जुड़े सवाल भी पूछे।
विद्यार्थियों को मिली डिजिटल मीडिया की जानकारी

कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने बताया कि मीडिया क्षेत्र को लेकर उनकी जानकारी अब तक मुख्य रूप से अखबार और टेलीविजन तक सीमित थी। करियर संवाद के माध्यम से उन्हें सोशल मीडिया और डिजिटल मीडिया में उपलब्ध रोजगार एवं स्वरोजगार के नए विकल्पों की जानकारी मिली।
पौधारोपण से हुई कार्यक्रम की शुरुआत
कार्यक्रम की शुरुआत स्वर्गीय पुष्पेंद्र पाल सिंह ‘पीपी सर’ की स्मृति में पौधारोपण के साथ हुई। पुष्पेंद्र पाल सिंह फाउंडेशन के उपाध्यक्ष मृदुल जैन ने फाउंडेशन के उद्देश्यों और विभिन्न गतिविधियों की जानकारी दी।

इस अवसर पर विद्यालय के पांच शिक्षकों कांति जैन, अंकुश वर्मा, मनोज कुमारी मिश्रा, संध्या अडलक और राशिदा बेगम को शिक्षा एवं विद्यार्थी हित में उनके योगदान के लिए सम्मानित किया गया। विद्यालय को भी विशेष स्मृति चिह्न भेंट किया गया।
विद्यालय के प्राचार्य आर. सी. जैन ने विद्यार्थियों के लिए फाउंडेशन की ओर से आयोजित करियर संवाद और शिक्षकों के सम्मान को सराहनीय पहल बताया।
पीपी सर की स्मृति को आगे बढ़ाने का प्रयास
फाउंडेशन की अध्यक्ष शानू सिंह ने कहा कि शिक्षक दिवस पर विद्यार्थियों के साथ करियर संवाद और शिक्षकों का सम्मान उनके पिताश्री स्वर्गीय पुष्पेंद्र पाल सिंह की स्मृति को सार्थक रूप से आगे बढ़ाने का अभिनव प्रयास है।
कार्यक्रम में फाउंडेशन की कोषाध्यक्ष योगिता सिंह तथा माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय के पूर्व छात्र रितेश पुरोहित, राहुल चौकसे, प्राची चौकसे, मनीष अग्रवाल और आदित्य तिवारी सहित विद्यालय का स्टाफ और बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे।

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