देश (National)ब्रेकिंग न्यूज़
Trending

Radhika Merchant Arangetrame: अंबानी परिवार की होने वाली बहू ने दी ‘अरंगेत्रम’ की प्रस्तुति

Radhika Merchant की गुरु भावना ठाकर का भारतीय शास्त्रीय नृत्य अहम योगदान रहा है। वह चार दशक से अधिक समय से इस क्षेत्र से जुड़ी हैं. राधिका की तरह विभिन्न होनहार शिष्यों को तैयार कर चुकी हैं।

👆भाषा ऊपर से चेंज करें

Radhika Merchant Arangetram Performance: अंबानी परिवार की होने वाली बहू राधिका मर्चेंट का अरंगेत्रम कार्यक्रम जियो वर्ल्ड सेंटर (Jio World Centre) में रविवार शाम को संपन्न हुआ l राधिका मर्चेंट रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड के चेयरमैन और एमडी मुकेश और नीता अंबानी के बेटे अनंत की होने वाली पत्नी हैं l राधिका अब आला दर्जे की भारतीय शास्त्रीय नृत्यांगना भी हो चुकी हैं. उन्होंने नृत्य शिक्षा पूरी करने के बाद इसके अगले चरण में अपनी कला के प्रदर्शन के लिए ‘अरंगेत्रम’ की प्रस्तुति दी।

Open Free Demat Account

जियो वर्ल्ड सेंटर के ‘द ग्रैंड थियेटर’ में प्रस्तुति
भरतनाट्यम नृत्य परंपरा में ‘अरंगेत्रम’ उस चरण को कहा जाता है, जब विद्यार्थी अपना सघन प्रशिक्षण पूरा करने के बाद पहली बार एकल प्रस्तुति के लिए मंच पर आता है. राधिका ने भी श्रीनिभा आर्ट्स की संचालक भरतनाट्यम गुरु भावना ठाकर से आठ सालों तक नृत्य का शिक्षण, प्रशिक्षण पूरा किया. इसके बाद रविवार को इस अहम चरण में प्रवेश किया. राधिका ने जियो वर्ल्ड सेंटर के ‘द ग्रैंड थियेटर’ में अपनी प्रस्तुति में ‘अरंगेत्रम’ के सभी पारंपरिक तत्त्वों को समाहित किया। Read More: नीता अंबानी ने कहा- देश में ओलंपिक आंदोलन और मजबूत होगा

पहले मंच, ईश्वर, गुरु और दर्शकों को समर्पित प्रस्तुति ‘पुष्पांजलि’ से शुरुआत की. इसके तुरंत बाद ‘गणेश वंदना’ और फिर पारंपरिक ‘अलारिप्पू’. भरतनाट्यम में ‘अलारिप्पू’ नृत्य का वह पहला चरण होता है, जो शिष्य अपने गुरु से सीखता है. राधिका की इस पेशकश के दौरान पूरा माहौल ‘आदि ताल’ की पारंपरिक ध्वनियों से गुंज रहा था. और प्रस्तुति पूरी होते ही तालियों से.

अष्टरस पर प्रस्तुति देकर सबका दिल जीता
इसके बाद राधिका ने लोकप्रिय भजन ‘अच्युतम् केशवम् कृष्ण दामोदरम्’ की प्रस्तुति दी. यह प्रस्तुति ‘रागमालिका’ (काव्य या पद के विभिन्न हिस्सों को अलग-अलग रागों में निबद्ध करना) पर आधारित थी. इसमें तीन कहानियों- शबरी और भगवान राम, गोपियों के साथ भगवान कृष्ण के नृत्य और मां यशोदा और बाल कृष्ण, को समाहित किया गया. इसके अलावा राधिका ने ‘शिव पंचाक्षर’ की प्रस्तुति में नृत्य के देवता नटराज (शिव) का चित्रण किया. इसके बाद बेहद कठिन समझे जाने वाले ‘अष्टरस’ की प्रस्तुति दी. इसमें ‘श्रृंगार’, ‘हास्य’, ‘करुण’, ‘भयानक’, ‘वीर’, ‘रौद्र’, ‘वीभत्स’, ‘अद्भुत’ रसों के भावों को विभिन्न मुद्राओं आदि के जरिए अभिव्यक्त किया।

mukesh ambani

भावना ने राधिका ठाकर से सीखीं नृत्य की बारीकियां
यहां राधिका की गुरु भावना ठाकर का उल्लेख भी प्रासंगिक रहेगा, जिनका भारतीय शास्त्रीय नृत्य की दुनिया में बड़ा योगदान है. वह चार दशक से अधिक समय से इस क्षेत्र से जुड़ी हैं. राधिका की तरह विभिन्न होनहार शिष्यों को तैयार कर चुकी हैं, जो देश-दुनिया के मंचों पर अपने हुनर से उनका, नृत्य कला का और देश का नाम लगातार रोशन कर रहे हैं. इसके अलावा एक और बात गौर करने लायक है कि राधिका अंबानी परिवार में पहली नृत्य साधक नहीं हैं. उनकी होने वाली सास नीता अंबानी भी भरतनाट्यम नृत्यांगना हैं. वह आज भी तमाम व्यस्तताओं और राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय जिम्मेदारियों के बीच अपनी प्रस्तुतियां देती हैं।

mukesh ambani

पांरपरिक पोशाक में पहुंचे सेलेब्स
राधिका की हौसलाअफजाई के लिए ‘द ग्रैंड थिएटर’ में बड़ी संख्या में खास-ओ-आम लोग जुटे थे. इनमें मर्चेंट और अंबानी परिवार के सभी सदस्य थे. उनके करीबी और कला, कारोबार, जन सेवा से जुड़ी तमाम हस्तियां भी शामिल थीं. कार्यक्रम में शिरकत करने पहुंचे अधिकतर मेहमान पारंपरिक पोषाकों में थे, जिनका अंबानी और मर्चेंट परिवार के सदस्य खुद गर्मजोशी से स्वागत कर रहे थे।

Tags

Related Articles

Back to top button
Close